Tuesday, August 4, 2026

लाल ईंट के धंधे में जल रहे जंगल, प्रशासन मौन! लैलूंगा में लकड़ी माफिया बेलगाम…

“लाल ईंट के धंधे में जल रहे जंगल, प्रशासन मौन! लैलूंगा में लकड़ी माफिया बेलगाम…


लैलूंगा क्षेत्र इन दिनों अवैध लाल ईंट निर्माण के धंधे की आग में सुलग रहा है। इलाके के कई गांवों और जंगल किनारे खुलेआम ईंट भट्टे संचालित हो रहे हैं, जहां बेसकीमती हरे-भरे पेड़ों को काटकर उन्हें जलाकर ईंटें तैयार की जा रही हैं। हैरानी की बात यह है कि यह पूरा खेल प्रशासन और जिम्मेदार विभागों की नाक के नीचे चल रहा है, लेकिन कार्रवाई के नाम पर सन्नाटा पसरा हुआ है।

स्थानीय सूत्रों के अनुसार, ईंट भट्टा संचालक जंगलों से सागौन, साल और अन्य कीमती लकड़ियों की अंधाधुंध कटाई कर रहे हैं। इन लकड़ियों को भट्टों में झोंककर लाल ईंट तैयार की जा रही है, जिससे पर्यावरण को भारी नुकसान हो रहा है। जंगलों का तेजी से खत्म होना न सिर्फ वन्य जीवों के लिए खतरा बन रहा है, बल्कि आने वाले समय में क्षेत्र के जल स्रोतों और मौसम पर भी इसका गंभीर असर पड़ सकता है।

गांव के लोगों का कहना है कि रात के अंधेरे में ट्रैक्टर और ट्रकों के जरिए लकड़ियों की ढुलाई की जाती है। दिन में भट्टों से उठता धुआं इस अवैध कारोबार की गवाही देता है, लेकिन इसके बावजूद न तो वन विभाग की कोई सख्त कार्रवाई दिख रही है और न ही राजस्व विभाग की कोई हलचल।

सबसे बड़ा सवाल यह है कि आखिर इतनी बड़ी मात्रा में पेड़ों की कटाई और अवैध ईंट निर्माण कैसे बिना प्रशासन की जानकारी के हो सकता है? क्या यह मान लिया जाए कि जिम्मेदार अधिकारियों की मिलीभगत से यह काला कारोबार फल-फूल रहा है? या फिर विभागीय लापरवाही इस पूरे खेल को बढ़ावा दे रही है?

स्थानीय लोगों में इस मुद्दे को लेकर भारी आक्रोश है। उनका कहना है कि अगर जल्द ही इस अवैध धंधे पर रोक नहीं लगी, तो क्षेत्र के जंगल पूरी तरह से खत्म हो जाएंगे। कई ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया कि शिकायत करने के बावजूद कोई सुनवाई नहीं होती, जिससे माफियाओं के हौसले और बुलंद हो रहे हैं।

पर्यावरण प्रेमियों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने भी इस मामले को गंभीर बताते हुए तत्काल जांच और सख्त कार्रवाई की मांग की है। उनका कहना है कि अगर अभी भी प्रशासन नहीं जागा, तो आने वाली पीढ़ियों को इसका खामियाजा भुगतना पड़ेगा।

अब देखना यह होगा कि लैलूंगा का प्रशासन कब नींद से जागता है और इस “लाल ईंट माफिया” पर कब शिकंजा कसता है। फिलहाल तो हालात यही बयान कर रहे हैं कि जंगल जल रहे हैं, कानून सो रहा है और माफिया खुलकर खेल रहा है।

spot_img
spot_img
Tej kumar Sahu
Tej kumar Sahuhttp://tej24cgnews.in
EDITOR - TEJ24CGNEWS MO.NO.6267583973
RELATED ARTICLES

जंगल में मौत हाथी शावक की संदिग्ध मौत

जंगल में मौत हाथी शावक की संदिग्ध मौत रायगढ़। छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले में एक बार फिर वन्यजीवों की सुरक्षा को लेकर सवाल खड़े...

फिर लैलूंगा थाना में शादी का झांसा देकर दुष्कर्म – आरोपी को पुलिस ने भेजा जेल

●  फिर लैलूंगा थाना में शादी का झांसा देकर दुष्कर्म – आरोपी को पुलिस ने भेजा जेल               लैलूंगा पत्रकार:- रोहित कमार चौहान    *रायगढ़...

एसएसपी रायगढ़ शशि मोहन सिंह के निर्देश पर लैलूंगा पुलिस की मवेशी तस्कर पर कार्रवाई

प्रेस विज्ञप्ति 💥💥 रायगढ़ पुलिस 💥💥 दिनांक 27.01.2026 💥➡️ *एसएसपी रायगढ़ शशि मोहन सिंह के निर्देश पर लैलूंगा पुलिस की मवेशी तस्कर पर कार्रवाई*➡️...

सचिव संघ के शासकीयकरण की मांग को लैलूंगा सरपंच संघ का समर्थन….

सचिव संघ के शासकीयकरण की मांग को लैलूंगा सरपंच संघ का समर्थन.... लैलूंगा: छत्तीसगढ़ में सचिव संघ की शासकीयकरण की मांग को लेकर लैलूंगा सरपंच...

LAILUNGA NEWS

“2.75 लाख का सीसी रोड घोटाला?” शिकायत के बाद मचा हड़कंप, उपसरपंच ने सरपंच-सचिव पर लगाया गबन का गंभीर आरोप!

"2.75 लाख का सीसी रोड घोटाला?" शिकायत के बाद मचा हड़कंप, उपसरपंच ने सरपंच-सचिव पर लगाया गबन का गंभीर आरोप! "रोड बना नहीं, पैसा...
Latest